शब्दों का हुनर?

8)
शब्दों का हुनर?
क्या आप दूसरों के साथ आसानी से बातचीत शुरू कर पाते हैं ? आपको तो पता ही होगा कि हमारे शब्दों में इतनी ताकत होती है जिससे आप किसी भी इंसान को अपनी ओर खींच सकते हो । शब्दों में इतनी ताकत होती है कि वह हमारी खुशियां छीन सकते हैं और रिश्तो को जोड़ भी सकते हैं और तोड़ भी सकते हैं ।शब्द ही आपको सफ़लता और असफलता का कारण बन सकता है।
हमारे शब्द ही हमारे परिवार, रिश्तेदार, दोस्तों ,को पूरी तरह से बर्बाद करने की शक्ति रखता है ।वास्तव में बोलना भी एक कला ही है । आपकी बातचीत आपका बोलना भी तो एक कला ही है। यदि हमारी बोलचाल प्रभावपूर्ण होता है तो हम दूसरों को स्वयं ही आकर्षित कर लेते हैं ।हमें अपने बातों पर ध्यान देना भी जरूरी है ।बात करते समय हमें अपनी आवाज को ध्यान देना चाहिए क्योंकि हमें जरूरत से ज्यादा तेज नहीं बोलना चाहिए और हमेशा बोलते समय जल्दबाजी ना करें ।आपको इस तरह से बोलने की कोशिश करे ताकि सुनने वाला आपकी बातों को सुन सके और समझ भी सके । आपको हमेशा बोलने से पहले ही स्पष्ट रूप से सोच लेना चाहीए कि आप किस विषय पर बात कर रहे हैं? आपको बात करते समय अपने हाथ तथा चेहरे के हाव-भाव से भी बातचीत को जीवित बनाना है , हमें यह कोशिश करनी चाहिए कि जब हम लोगों से मिलते हैं यह बात करते हैं तो उस समय हमें हमारे चेहरे पर एक हल्की सी मुस्कान बनकर रखनी चाहिए और हमेशा नजर मिलाकर बात करने की कोशिश करें ।

कैसे हम अपने शब्दों का हुनर किसी पर चला सकते है?
1) कब चुप रहना है :
हर इंसान कभी ना कभी किसी बात पर गुस्सा रहता है या हमारी किसी के साथ बहस बाजी हो जाती है । हमें ऐसी स्थिति में चाह कर भी खुद को कंट्रोल नहीं कर पाते उस समय जो हमारे दिल में आता है हम वही बोल देते हैं लेकिन हमें ऐसा करना सही में शोभा नहीं देता ।हमें सोच समझकर बोलना चाहिए और ऐसी स्थिति में हमें चुप रहना चाहिए अगर दूसरा व्यक्ति हमें गुस्से से बोल रहा हो , तो हमें अपनी आवाज बुलंद में रखना चाहिए। हमें यह भी ध्यान में रखना चाहिए कि जब हम किसी के लिए स्टैंड ले रहे हैं तो हमें अपनी आवाज पर कैसे कंट्रोल कारें।

1) बोलने का ढंग :
क्या आप अपने बोलने की गति को बहुत तेज करते हैं ? और धीरे से अपने शब्दों का उच्चारण करते हैं यदि आप बहुत जल्दी जल्दी बोलेंगे तो लोगों को आपकी बातें समझ मैं नहीं आएगी। आप बात करते वक्त ऐसी हरकतें ना करें जिससे सामने वाले व्यक्ति पर गलत प्रभाव पड़े कुछ लोग तो ऐसे होते हैं जो अपनी बात रख देते हैं लेकिन दूसरों को कहने का मौका नहीं देते हैं । परंतु बोलना एक हुनर होता है यह हुनर किसी व्यक्ति में होता है इसके लिए जरूरी नहीं कि आप बड़ी-बड़ी डींगे फेंके । आप ऐसे शब्द का इस्तेमाल कीजिए ताकि सुनने वाला भी सुने और समझे हमें अपनी बात करने के तरीकों को बदलने की आवश्यकता होती है। जैसे : हम किसी से बात करते समय उनकी बातों को ध्यान में देते ?जब आप भी बात करते हो तो थोड़ी सी स्माइल देकर बात करने की कोशिश करें ।अगर हमें बात करने का तरीका होता है तब हम दूसरों के दिल में जगह बना है ।आप जो भी बोलो उन शब्दों में सफाई हो ।अपनी आवाज पर विशेष ध्यान देना जरूरी है क्योंकि धीमा सुनने वाले के भीतर सुनने के अंदर खिंचाव पैदा कर सको , कभी किसी के मुंह से निकली बात का मजाक ना उड़ाए किसी के सामने आप ऐसी बाते बोले की सामने वाले को भी आपकी बातों में दिलचस्पी आ जाए। नजर मिला कर बात करने की आदत डालें

3 ) बात करने करना सीखें :
किसी भी इंसान के लिए बात करना मुश्किल काम नहीं होता है यदि हमें बात करने का सही ढंग हो तो हम स्वयं की ओर किसी को भी आकर्षित कर लेते हैं। हमें हमेशा बात करते हुए यह सोचना चाहिए कि हम जो भी बोल रहे हैं सामने वाले को बुरा ना लगे बोलने से पहले स्पष्ट रूप से सोच ले कि आपको किस टॉपिक में बात करना है आपको तो पता ही है जब एक बार किसी के साथ बात शुरू कर लेंगे तो उसके बाद बात को आगे बढ़ाना आसान हो जाता है। दूसरों को बोलने का मौका दे और किसी से बात करने का मतलब यह नहीं होता है कि बस हम ही लोग बोले हम किसी व्यक्ति के साथ बोल रहे तो कम से कम उसको भी मौका देना चाहिए । जब हमारी बात खत्म हो जाती है, तब आप दूसरों को बोलने को कहना चाहिए ताकि दूसरा भी बोल सके। कभी-कभी हमारे साथ यह होता है कि जब हम बोल रहे होते हैं तभी वह भी कुछ बीच में बोलते रहते हैं ऐसे में आप स्वयं को शांत करें और सामने वाले को बोलने का मौका दे। दूसरों के साथ हमारा रिश्ता सोच समझकर विचार पर निर्भर करता है हम क्या है और कैसे बोलते हैं यही हमारी सामाजिक पहचान है क्या आप दूसरों के बारे में समझते है।
4 ) लोगो का दिल कैसे जीते ?
यदि आप भी चाहते हो कि हम किसी का दिल जीते तो आप जिस भी समाज रहते हो उन लोगों के बीच आप चाहते हो वह लोग आपका सम्मान करें और आपको पसंद करें तो सोचो आप को ऐसा क्या करना चाहिए जिससे आप लोगों का दिल जीत सकें । आजकल तो सबकी इच्छा यह है कि हमें सब पसंद करें तो सोचो आपको ऐसा क्या करना होगा। हमेशा किसी का दिल मीठे शब्दों से या मीठी बोल से जीता जा सकता है। यदि जिन लोगों की नजरें खराब होती है आप उन लोगों का दिल नहीं जी सकते यह याद रखना हम अपने आत्मसम्मान को ठेस पहुंचा कर कभी किसी का दिल नहीं जीत जीत सकते । इस दुनिया में 93% लोग ऐसे हैं जिसे हम खुश कर सकते हैं आप हमेशा उन लोगों का ही दिल जीत सकते हैं जिनकी नजरे सच्ची और अच्छी होती है।

निष्कर्ष
जिस इंसान को शब्द का जादू करना आता है वह दुनिया में उस से बड़ा कोई जादूगर नहीं होता। हमें बोलने के लिए ज्यादा पढ़े-लिखे होने की जरूरत नहीं होती? क्योंकि दुनिया में बहुत लोग ज्यादा पढ़े लिखे होने के बाद भी उन्हें बात करने का तजुर्बा नहीं होता , जो लोग बिना पढ़े लिखे होते हैं उनको बात करने का स्पष्ट तजुर्बा होता है ।हमें दूसरे व्यक्ति के साथ तमीज से बात करनी चाहिए चाहे वह व्यक्ति हम से बदतमीजी से बात कर रहा हो तो कोई बात नहीं हमें अपनी बातों से उसे यह अहसास कराना चाहिए कि हम उसके साथ अच्छे से बात कर रहे हैं ताकि उसे भी अपनी गलती का एहसास हो। इंसान को जिंदगी में कुछ भी सीखना कभी बंद नहीं करना चाहिए जब हम सीखने की कोशिश करते है तभी तो हम नई चीजों के बारे में जान पाएंगे। इस तरह से हम अपने शब्दों का सही इस्तेमाल ।

Leave a Comment